छत्तीसगढ़: बस्तर रथ 1.5लाख में बिका

रायपुर | एजेंसी: छत्तीसगढ़ के बस्तर में दशहरे के लिए वर्ष 2012 में बना रथ अब भोपाल के इंदिरा गांधी मानव संग्रहालय की शोभा बनेगा. संग्रहालय ने इसे एक लाख 40 हजार रुपये में खरीदा है. आठ चक्कों वाले इस विशाल रथ को ट्रक के जरिए भोपाल रवाना किया जाएगा. बस्तर का दशहरा विश्व में सर्वाधिक दिनों तक चलने वाला पर्व है. हर साल नए रथ का निर्माण होना है. खास बात यह कि इस दशहरा उत्सव में रावण का दहन नहीं होता.

बस्तर के दशहरा रथ और गोंचा में चलने वाले पुराने रथों की नीलामी पूर्व में भी की जा चुकी है. पहले भी भोपाल और भुवनेश्वर के संग्रहालयों में इन रथों को खरीदकर ले जाया गया है.


इन रथों को बेचे जाने की वजह यह है कि 75 दिनों तक दशहरा पर्व मनाने के बाद स्थानीय लोग रथ की लकड़ियों का उपयोग किसी अन्य कार्य में नहीं करते.

राजस्व निरीक्षक अर्जुन श्रीवास्तव ने बताया कि बस्तर के दशहरा के लिए कई वर्षो से रथ का निर्माण झारउमर गांव और बेड़ाउमर गांव के लोग ही करते आ रहे हैं. यात्रा के बाद रथ को खोलने का काम बुरूंगपाल गांव के ग्रामीण करते हैं.

पुर्जा-पुर्जा खोले गए रथ को भोपाल स्थित मानव संग्रहालय में दोबारा जोड़कर पूरा रथ तैयार किया जाता है. रथ के पुर्जो को जोड़ने के लिए झारउमर तथा बेड़ाउमर गांव के ग्रामीण भोपाल जाएंगे.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!