छत्तीसगढ़ को कोल ब्लॉक से घाटा

रायपुर | समाचार डेस्क: भूपेश बघेल का आरोप है कि कोल ब्लॉक नीलामी से राज्य को 1लाख करोड़ रुपये का नुकसान होगा. छत्तीसगढञ कांग्रेस के अध्यक्ष भूपेश बघेल ने विस्तार से मंगलवार को संवाददाताओं को बताया कि कोल ब्लॉक नीलामी से छत्तीसगढ़ को साल में 3500 करोड़ रुपये तथा नीलामी के तीस साल में 1लाख करोड़ रुपयों का नुकसान होने जा रहा है. जिसका विरोध राज्य सरकार नहीं कर रही है.

छत्तीसगढ़ कांग्रेस के अध्यक्ष भूपेश बघेल मंगलवार को रायपुर में प्रदेश कांग्रेस कार्यालय में संवाददाताओं को संबोधित कर रहें थे.

भूपेश बघेल ने कहा कि कोल ब्लॉक के लिये होने वाले खुदाई से ही हसदेव बांगों क्षेत्र के 400 वर्ग किलोमीटर के जंगल साफ हो जायेंगें. जिससे वर्षा चक्र प्रभावित होगा तथा पर्यावरण को नुकसान होगा.

छत्तीसगढ़ कांग्रेस के अध्यक्ष भूपेश बघेल ने कहा कि इन कोल ब्लॉकों से छत्तीसगढ़ को नुकसान तथा अन्य राज्यों को फायदा होने जा रहा है. उसके बाद भी छत्तीसगढ़ सरकार चुप है.

उन्होंने कहा निजी कंपनियों को बिजली के क्षेत्र में जो ब्लॉक दिए गए उसमें गुजरात, राजस्थान व मध्यप्रदेश विकसित राज्य हैं. उन राज्यों और बिजली कंपनियों को फायदा पहुंचेगा और सीधे तौर पर छत्तीसगढ़ को नुकसान होगा.

कोल ब्लॉक आबंटन में गुजरात को 900 मिलियन टन, राजस्थान को 900 मिलियन टन, महाराष्ट्र को 768 मिलियन टन व एनटीपीसी को 965 मिलियन टन के कोल ब्लॉक दिए गए हैं, जबकि छत्तीसगढ़ राज्य को सिर्फ 560 मिलियन टन के कोल ब्लॉक ही दिए हैं. पूर्ववर्ती यूपीए सरकार के समय छत्तीसगढ़ को 2000 मिलियन टन कोल का आवंटन होता था, पर अब मोदी सरकार ने सिर्फ 560 मिलियन टन कोल का आवंटन कर छत्तीसगढ़ के साथ भेदभाव किया है.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *