छत्तीसगढ़: पेंशन घोटाले की फिर जांच

बिलासपुर | संवाददाता: बिलासपुर के मस्तुरी जनपद पंचायत में हुये सवा करोड़ रुपयों के पेंशन घोटाले की फिर से जांच होगी. इस पर जो जांच टीम गठित की गई थी उसकी जांच से बिलासपुर के जिला कलेक्टर तथा सीईओ संतुष्ट नहीं हैं. मस्तूरी जनपद में हुए पेंशन घोटाले में प्रारंभिक तौर पर 40 सचिवों की मिलीभगत भी सामने आ रही है.

इसलिये अब 126 कर्मचारियों की जांच टीम फिर से गांव-गांव पहुंचकर जांच करेगी. जांच टीम इस दौरान 95 पंचायतों में जांच टीम डोर टू डोर जाकर हितग्राहियों का बयान लेगी.

जिला पंचायत सीईओ मौर्य के अनुसार जांच टीम ने काफी घटिया रिपोर्ट तैयार की है. साफ है कि मामले में राजनीतिक या दूसरे दबाव काम कर रहे हैं. जांच टीम से अगले सोमवार तक सही रिपोर्ट पेश करने के लिये कहा गया है अन्यता उन पर भी कार्यवाही हो सकती है.

उल्लेखनीय है कि बिलासपुर के मस्तूरी जनपद पंचायत को एरियर्स राशि के रूप में अप्रैल 2014 से मार्च 2015 तक 1 करोड़ 20 लाख रुपये का आवंटन किया गया था. यह राशि सीधे जनपद पंचायत के खाते में जमा की गई.

इसके बाद इसे ग्राम पंचायतवार संबंधित हितग्राहियों के खाते में जमा करना था, लेकिन यहां की शाखा प्रभारी व पूर्व सीईओ शिल्पा अग्रवाल ने सीधे सरपंचों को चेक थमा दिया था. जिससे एरियर्स की राशि संबंधित हितग्राहियों के खाते में न जाकर सरपंचों की जेब में चली गई.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *