छत्तीसगढ़: डायरिया-डिसेन्ट्री का प्रकोप

जांजगीर | संवाददाता: छत्तीसगढ़ के जांजगीर-चांपा जिले में इन दिनों बच्चों में जानलेवा डायरिया का प्रकोप छाया हुआ है. डायरिया नियंत्रण पखवाड़ा के 12 दिनों में 5 वर्ष तक के 1307 बच्चे डायरिया पीड़ित मिले. डायरिया नियंत्रण पखवाड़ा में 28 जुलाई से 8 अगस्त तक संस्थागत व मितानिनों द्वारा घर-घर जाकर डायरिया की रोकथाम के लिए सर्वे किया गया. इस सर्वे में 5 वर्ष के बच्चे बड़ी संख्या में डायरिया पीड़ित मिले.

विभाग के अनुसार जांजगीर-चांपा जिले के 9 विकासखण्ड में 12 दिनों में 1307 डायरिया पीड़ित मरीजों की पहचान की गई और दवा दी गई. वहीं मालखरौदा ब्लाक में सर्वाधिक 319 डायरिया पीड़ित बच्चे मिले. इन्हें ओआरएस व जिंक की गोली का वितरण किया गया.


इस सर्वे के दौरान पाया गया कि 47 बच्चों को डिसेन्ट्री हुई है जिसमें पतले दस्त के साथ खून भी जाता है. इस डिसेन्ट्री को छोटे बच्चों के सर्वाधिक जानलेवा माना जाता है.

बरसात तथा उमस भरे वातावरण के कारण बच्चों में डायरिया-डिसेन्ट्री का प्रकोप बढ़ जाता है. सर्वे के अनुसार अकलतरा में 62, बलौदा में 229, पामगढ़ में 30, नवागढ़ में 50, बम्हनीडीह में 172, जैजैपुर में 162, मालखरौदा में 82, सक्ती में 319 तथा डभरा में 201 मामले पाये गये.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!