जानबूझ कर नहीं होता रेप-पैकरा

रायपुर | संवाददाता:अब छत्तीसगढ़ के गृहमंत्री ने बलात्कार पर बयान दिया है. मध्यप्रदेश के बाद छत्तीसगढ़ के गृहमंत्री रामसेवक पैकरा ने बलात्कार के मामले में कहा है कि बलात्कार जैसी घटनाओं को कोई जानबूझ कर नहीं करता है, धोखे से सब करते हैं.

गृहमंत्री ने यह बयान ऐसे अवसर पर दिया है, जब छत्तीसगढ़ में एक के बाद सामुहिक बलात्कार के कई मामले सामने आये हैं. इसके अलावा बलात्कार के लगभग 50 प्रतिशत मामलों में नाबालिग बच्चियां शिकार हुई हैं.

गृहमंत्री के बयान के बाद कांग्रेस पार्टी ने विरोध-प्रदर्शन भी शुरु कर दिया है.

दो दिन पहले ही मध्यब प्रदेश के गृहमंत्री बाबूलाल गौर के बयान से विवाद शुरु हो गया था, जिसमें उन्होंने कहा था कि बलात्कातर एक सामाजिक बुराई है, इसके लिए मानसिकता में बदलाव की जरूरत है. अब कोई बलात्का्र करने से पहले बता कर तो जाता नहीं है, फिर उसे रोका कैसे जा सकता है? उन्होंने उत्तरप्रदेश में बलात्कार की घटनाओं को लेकर मुख्यमंत्री अखिलेश यादव का बचाव भी किया था.

छत्तीसगढ़ में भी बलात्कार की घटनाओं पर मंत्रियों के विवादास्पद बयान आते रहे हैं. पिछली सरकार में गृह मंत्री ननकी राम कंवर ने तो बलात्कार की घटनाओं के लिये ग्रह-नक्षत्रों को ज़िम्मेवार ठहराया था.

लेकिन अब गृहमंत्री रामसेवक पैकरा के ताज़ा बयान को लेकर राजनीति तेज़ हो गयी है.

राज्य में विपक्षी दल कांग्रेस ने सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है.

विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष टीएस सिंहदेव कहते हैं कि जिसके हाथ में महिलाओं समेत दूसरे लोगों की सुरक्षा की बागडोर है, अगर वह व्यक्ति इस तरह का बयान देता है तो इससे बड़ा दुर्भाग्य और कुछ नहीं हो सकता. गृहमंत्री रामसेवक पैकरा को इस मामले में माफी मांगनी चाहिए.

छत्तीसगढ़ में पिछले एक सप्ताह के भीतर बलात्कार के एक दर्जन से अधिक मामले सामने आये हैं. इनमें दो मामले तो सामुहिक बलात्कार के हैं, वहीं 3 साल की एक मासूम बच्ची भी बलात्कार की शिकार हुई है.

आंकड़ो पर यक़ीन करें तो छत्तीसगढ़ में हर दिन दो नाबालिग बच्चियां बलात्कार का शिकार हो रही हैं. पिछले साल बलात्कार के जिन मामलों में रिपोर्ट दर्ज की गई है, उनकी संख्या 1380 है और इनमें से 658 मामले नाबालिगों से जुड़े हुये थे. नेशनल क्राइम रिसर्च ब्यूरो के आंकड़ों को देखें तो आबादी के हिसाब से बलात्कार के अपराध की दर छत्तीसगढ़ के दुर्ग में सबसे अधिक है.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *