छत्तीसगढ़: रैगिंग, पूरी बैच निलंबित

रायपुर | एजेंसी: छत्तीसगढ़ की राजधानी स्थित पंडित जवाहरलाल नेहरू मेडिकल कॉलेज में प्रथम वर्ष के छात्रों से रैगिंग लेने वाले द्वितीय वर्ष के पूरी बैच को निलंबित कर दिया गया है. इस बैच में 86 छात्र हैं. छात्रों पर 2000-2000 रुपये जुर्माना भी किया गया है. कॉलेज के डीन डॉ. अशोक चंद्राकर के मुताबिक, रैगिंग के संबंध में कोई लिखित शिकायत नहीं हुई है. अनुशासनहीनता का उल्लंघन हुआ है, इसलिए छात्रों को एक महीने के लिए निलंबित किया गया है.

उन्होंने कहा, “परिजनों को बुलाया है, वे सीधे मुझसे मिलेंगे. उनसे फिर शपथपत्र लिया जाएगा.”


छत्तीसगढ़ में मेडिकल कॉलेज में रैगिंग करने वाले दोषी छात्रों पर पहली बार इतनी सख्त कार्रवाई की गई है. इसमें छात्राएं शामिल नहीं हैं.

द्वितीय वर्ष में कुल 173 छात्र-छात्राएं हैं. मेडिकल कॉलेज प्रशासन या डीन को अभी तक किसी भी जूनियर छात्र ने लिखित में रैगिंग की शिकायत नहीं की है. इस वजह से सीधे तौर पर रैगिंग का केस नहीं बनाया जा सका. इसके बावजूद जांच में सीनियर छात्रों द्वारा लेक्चर हॉल में छात्रों को बुलाने की पुष्टि हो गई है. इस कृत्य को अनुशासनहीनता मानकर कार्रवाई की गई है. निलंबित छात्र अब एक माह तक क्लास में हाजिर नहीं हो सकेंगे. उनकी गैरहाजिरी को इम्तिहान के लिए आवश्यक उपस्थिति में दर्ज नहीं किया जाएगा. ऐसी दशा में यदि निलंबित छात्रों की क्लास रूप में 70 फीसदी उपस्थिति नहीं होगी तो उन्हें परीक्षा में बैठने की अनुमति से वंचित कर दिया जाएगा.

कॉलेज के जिम्मेदार अधिकारियों का कहना है कि कई छात्र इस कार्रवाई के कारण परीक्षा में बैठ नहीं सकेंगे. इस तरह वे एक बैच पीछे हो जाएंगे.

मेडिकल कॉलेज में फ्रेशर पार्टी पिछले साल से ही प्रतिबंधित है. फिर भी सीनियर छात्रों ने जूनियर छात्रों को फ्रेशर पार्टी आयोजित करने के बारे में बातचीत करने के लिए लेक्चर हॉल में बुलाया था. अनुशासन समिति ने इसी को आधार बनाकर कार्रवाई की है.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!