एमआरआई हादसा: महिला की हालत गंभीर

रायपुर | एजेंसी: छत्तीसगढ़ के राजधानी स्थित एक अस्पताल में एमआरआई मशीन में फंसकर घायल हुई महिला रामकुमारी श्रीवास की हालत मंगलवार को भी गंभीर बनी हुई है. वह क्रिटिकल केयर यूनिट में भर्ती है. हीमोग्लोबिन कम होने के कारण उसे खून चढ़ाया जा रहा है. मशीन को कितना नुकसान हुआ है, इसका आकलन इंजीनियर की टीम करेगी.

घटना के बाद मंगलवार को डीएमई प्रताप सिंह ने अस्पताल का निरीक्षण किया और पीड़ित के स्वास्थ्य की जानकारी ली. दूसरी तरफ, दो टेक्नीशियनों को निलंबित किए जाने के विरोध में अस्पताल के टेक्नीशियन और पैरामेडिकल स्टाफ मंगलवार को कुछ देर के लिए हड़ताल पर रहे. सोमवार को एमआरआई जांच के बाद स्टील के स्ट्रेचर से लगी चोट के कारण रामकुमारी की हालत बिगड़ गई थी.


न्यूरो सर्जन डॉ. राजीव साहू ने बताया कि पहले ही रीढ़ की हड्डी में चोट के कारण महिला की हालत खराब थी. स्ट्रेचर से चोट के बाद उसकी खोपड़ी व चेहरे पर भी चोट आई है.

दरअसल, एमआरआई कक्ष में लोहे का स्ट्रेचर ले जाने की मनाही है. रेडियोग्राफर व पैरामेडिकल स्टाफ की लापरवाही के कारण स्ट्रेचर को हाई मैग्नेटिक क्षमता वाली एमआरआई ने जोरदार आवाज के साथ चिपका लिया था. इस पर जमकर बवाल भी मचा. लापरवाही के लिए दो डॉक्टर, दो रेडियोग्राफर व एक पैरामेडिकल स्टूडेंट को निलंबित कर दिया गया है.

जानकार जर्मनी से आयातित 12 करोड़ रुपये की मशीन में स्ट्रेचर फंसने के कारण 30 से 40 लाख रुपये का नुकसान होने की आशंका बता रहे हैं. इंजीनियर के आकलन के बाद ही नुकसान का सही पता चल पाएगा. यही नहीं, मशीन कितने दिनों तक बंद रखनी है, इस बारे में भी स्पष्ट हो जाएगा. अगर मशीन बंद रही तो मरीजों को बड़ा नुकसान उठाना पड़ेगा.

थ्री टेसला पॉवर वाली इस मशीन से रोजाना 15 से 20 मरीजों की जांच की जाती है. जांच बंद रहने पर वर्तमान में एक महीने की वेटिंग और बढ़ जाएगी.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!