छत्तीसगढ़: धान की नई किस्म पर शोध

रायपुर | समाचार डेस्क: छत्तीसगढ़ में धान की नई उन्नत किस्म के विकास के लिये मुंबई स्थित भाभा परमाणु अनुसंधान केंद्र अनुसंधान करेगा. इस बाबत भाभा परमाणु अनुसंधान केंद्र का रायपुर के इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय के साथ समझौता हुआ है.

दोनों संस्तान मिलकर ऐसे धान की किस्म का विकास करेंगे जिस पर कीट का प्रकोप कम हो तथा जो कम अवधि में ही तैयार हो जाये. छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर स्थित इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ. एस के पाटिल ने कहा, ‘संयुक्त शोध से छत्तीसगढ़ में परंपरागत धान की किस्म को उच्च किस्म में बदलने में मदद मिलेगी.’


इसके अलावा दोनों संस्थान गेहूं की अच्छी नस्ल तैयार करने के लिए भी शोध करेंगे. साथ ही, ये रेडिएशन खाद्य प्रसंस्करण के क्षेत्र में भी मिलकर काम करेंगे तथा गेहूं की अच्छी नस्ल तैयार करने के लिए भी शोध करेंगे. साथ ही, ये रेडिएशन खाद्य प्रसंस्करण के क्षेत्र में भी मिलकर काम करेंगे.

समझौते के मसौदे के अनुसार भाभा अनुसंधान केंद्र कृषि विश्वविद्यालय को 50 लाख रुपये वित्तीय सहायता देगा.

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