दिग्विजय हैं हिंदू, राष्ट्रवादी हिंदू

नई दिल्ली | संवाददाता: दिग्विजय सिंह ने कहा है कि वे हिंदू हैं, राष्ट्रवादी हैं. उन्होंने कहा कि मैं राष्ट्रवादी हिंदू हूँ. मैं राष्ट्रवादी भारतीय हूँ. उन्होंने कहा कि अगर आप कहेंगे हिंदू राष्ट्रवादी, तो मुसलमान कहेगा मैं मुसलमान राष्ट्रवादी हूँ, सिख कहेगा मैं सिख राष्ट्रवादी हूँ, कोई कहेगा मैं ईसाई राष्ट्रवादी. इसलिए धर्म को राष्ट्रवादिता के साथ नहीं जोड़ा जाना चाहिए.उन्होंने राम मंदिर के सवाल पर कहा कि राम कण कण में व्याप्त हैं और मैं टीकमगढ़ में राम के कनक मंदिर में जाता रहा हूँ. ईश्वर सब जगह है उसे एक स्थान पर सीमित करना ठीक नहीं है.

दिग्विजय सिंह ने बीबीसी के एक कार्यक्रम में सवालों का जवाब देते हुये कहा कि विकास की ही बात करें तो कोई ऐसा सूचकांक नहीं है जिसके अनुसार गुजरात नंबर वन हो. बात विदेशी निवेश की हो, या मानव संसाधन विकास की. सामाजिक क्षेत्र में किए जाने वाले सरकारी खर्च में भी वो पीछे हैं. मोदी के आने के बाद गरीबी बढ़ी है, घटी नहीं है.

अपने बयानों को लेकर उन्होंने कहा कि मेरा कोई बयान कांग्रेस की विचारधारा और नीति के खिलाफ नहीं होता है. मैं जो कहता हूँ कि बिना सोचे समझे नहीं कहता हूँ.

कांग्रेस सरकार के भ्रष्टाचार पर दिग्विजय सिंह ने कहा कि कौन सी सरकार है जिसके राज में घोटाले नहीं हुए लेकिन इस सरकार ने घोटाले करने वालों पर कार्रवाई की है. चाहे मंत्री हो, सांसद हो या कोई अधिकारी हो. सबके खिलाफ कार्रवाई हुई है. पार्टी में पीएम पद को लेकर उन्होंने कहा कि प्रजातांत्रिक प्रणाली में प्रधानमंत्री या मुख्यमंत्री पहले से घोषित नहीं होता है. इसका फैसला बहुमत मिलने पर नवनिर्वाचित सांसदों और विधायकों पर छोड़ा जाता है.

मोदी पर निशाना साधते हुये उन्होंने कहा कि नरेंद्र मोदी मीडिया के पहलवान हैं, सोशल मीडिया के पहलवान है. जमीनी पहलवान नहीं हैं. अगर वो जमीनी पहलवान होते तो गुजरात के बाहर नतीजों पर वो हावी होते, जो वो नहीं हैं.मोदी और राहुल गांधी के बीच सीधी बहस को लेकर उन्होंने कहा कि कांग्रेस के पास हम लोग हैं ना. मैं हूँ, शीला दीक्षित हैं, तरुण गोगोई हैं. पहले हमसे बहस करें. नरेंद्र मोदी जहां जहां, जिस विषय पर चाहें, दिग्विजय उनसे बहस करने को तैयार है.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *