फांसी नहीं देने की शर्त पर लौटे इतालवी सैनिक

नई दिल्ली | संवाददाता: भारतीय मछुवारों के हत्यारे इटली के नौसैनिक इस शर्त पर भारत लौटे हैं कि भारत सरकार उन्हें फांसी नहीं चढ़ाएगी. विदेश मंत्री सलमान खुर्शीद ने आज लोकसभा में इस मुद्दे पर बयान देते हुये कहा कि भारत ने इटली को भरोसा दिलाया है कि मेसिमिलिएनो लैटोर और सैल्वाटोर जाइरोन को फांसी की सजा नहीं होगी, क्योंकि उनका अपराध रेयरेस्ट ऑफ रेयर नहीं है. भारत ने यह वादा भी किया है कि इटैलियन नौसैनिक सुप्रीम कोर्ट की समयसीमा के भीतर वापस आ जाते हैं तो उन्हें गिरफ्तार नहीं किया जाएगा. इटली सरकार ने भारत से यह लिखित भरोसा भी लिया है कि उसके दोनों नौसैनिकों के बुनियादी अधिकारों की रक्षा की जाएगी.

लोकसभा और राज्यसभा में बयान देते हुए खुर्शीद ने इस बात पर खुशी जताई कि मामला अब संतोषजनक निष्कर्ष पर पहुंच गया है और सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के अनुरूप मुकदमे की कार्यवाही आगे बढ़ेगी. प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने नौसैनिकों की वापसी पर कहा कि मुझे खुशी है कि न्यायपालिका के सम्मान की रक्षा हुई है.


गौरतलब है कि इटली के इन दो सैनिकों पर आरोप है कि एक साल पहले 15 फरवरी को उन्होंने दो भारतीय मछुआरों अजेश बिंकी और जेलेस्टाइन की गोली मारकर हत्या कर दी थी. ये दोनों सैनिक इटली के एक जहाज पर तैनात थे ताकि उसे समुद्री लुटेरों से बचा सकें. मासिमिलानो लातोरे और सल्वातोरे गिरोने नाम के इन दो नौसैनिकों को हत्या के आरोप में 19 फरवरी को गिरफ्तार किया गया था और इन पर मुकदमा शुरु किया था.

इस बीच इन दोनों सैनिकों को सुप्रीम कोर्ट ने इटली के आम चुनाव में मतदान करने की अनुमति देते हुये 4 सप्ताह के भीतर भारत लौटने का आदेश दिया था. लेकिन इटली सरकार इससे मुकर गई थी. अब जा कर शुक्रवार को दोनों इतालवी सैनिक भारत लौटने के लिये तैयार हुये हैं. पहले कहा गया था कि भारत सरकार के दबाव में इटली ने यह कदम उठाया है. अब यह बात सामने आई है कि दोनों सैनिक सशर्त भारत लौटे हैं.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!